कुछ महत्वपूर्ण तथ्य –
– अभी हाल में ही समाधान दिवस पर भी तहसील के पीछे निवासी एडवोकेट पंकज कुमार ने शिकायती पत्र रास्ता संबंधित दिया है ।
– वार्ड नंबर 13 में एक रोड,जिसमें एक इंच धूलभरी मिट्टी, फिर बारिश हो गई तो दलदली बन जाती है जिससे निकलना होता है बहुत मुश्किल ।
– अब ऐसी स्थिति में अभी पालिका बिल्कुल चुप्पी साधे बैठा हुआ है ।
– अभी तो बारिश का शुरुवाती रुझान में ऐसी स्थिति है ।
– सोचो भारी बारिश में ऐसी स्थिति हो जाती है कि बाइक सवार डांस करते हुए मेन रोड पहुंचता है ।
– आम आदमी, साईकिल फिसलते हुए निकलते हैं ।
– अब स्कूल भी खुल गए हैं बच्चे – बुजुर्ग अब कैसे निकलेंगे ।
– ऐसी स्थिति और भी वार्डो में है लेकिन जब कोई सुनवाई नहीं तो आम आदमी चुप्पी साध लेता है ।

बिन्दकी फतेहपुर । जनपद फतेहपुर की तहसील बिन्दकी नगर के वॉर्ड नं 13 तहसील के पीछे नई बस्ती बिन्दकी का एक ऐसा मामला जो एक निकलने के रास्ते का है । जहां पर लगभग सैकड़ों घर और लगभग कई सैकड़ा लोग निवास करते हैं । ऐसे में निकलने का रास्ता एक चुनौती बनी हुई है । कई वर्षों से ऐसी जटिल समस्या बनी हुई है । पहले ज्यादा बारिश होने पर एक रास्ते से नहीं निकल पाते थे तो बस स्टॉफ के अंदर से लोग निकल जाया करते हैं । बस स्टॉफ से रास्ते को लेकर सामाजिक कार्यकर्ता और तहसील के पीछे के नागरिकों ने आवाज उठाई लेकिन सख्त कानून ने यहां के लोगों की आवाज को दबाने का काम किया और बस स्टॉफ से रास्ता बंद करा दिया गया । क्योंकि बस स्टॉफ का निर्माण हो गया है । अब बची एक रोड, जब जब बारिश नहीं होती तो एक इंच धूलभरी मिट्टी से भरी हुई रास्ता होती है, पैदल चल नहीं सकते क्योंकि जूते मिट्टी से भर जाते हैं । अगर कोई बाइक या कार निकल जाए तो आप पूरी तरह मिट्टी की चादर से भर जायेगे । अब बारिश का सीजन आ गया है । अभी पालिका की संवेदनशीलता पूर्णतया शिथिल है । जब भयंकर बारिश शुरू हो जाएगी तो निकलना मुश्किल हो जाएगा ।
यही के निवासी एडवोकेट पंकज कुमार ने अभी समाधान दिवस में प्रार्थना पत्र दिया जिसमें बताया कि कि हमारे निवास स्थान जाने के लिये एक मात्र रास्ता है । जो रोडवेज बस स्टेशन के बगल से है । जो लगभग तीस वर्षों से कच्चा है पिछले वर्ष मोहल्ले के लोगों ने मिलकर रास्ते पर राबिस पुरवायी थी जिससे गाड़िया घर तक बारिश में पहुंच सके इस वर्ष 1 माह पूर्व नगर पालिका परिषद द्वारा पुनः खुदवाकर पाइप लाईन डलवाया है । जिससे भारी कीचड़ बारिश में हो जाता है । जिससे गाड़ी एम्बुलेन्स फायर ब्रिगेड आदि गाड़िया कीचड़ में बारिश टाइम नहीं जा पाती है व मुझे प्रार्थी के घर पर कई सदस्य दिल की बीमारी से ग्रसित है । जिनको अक्सर उपचार हेतु एम्बुलेन्स/ गाड़ियों की जरूरत पड़ती है । रोड/रास्ता सुगम न होने के कारण कभी किसी भी समय अप्रिय घटना घट सकती है ।
सोचिए कुछ ही नागरिक इस तरह की आवाज उठाते हैं और फिर टीम आती है, आश्वासन मिलता है और खानापूर्ति होती है और फिर सब कुछ उसी जगह ठहर कर कागजों में दफ्न हो जाता है यही बोलते हैं । जिम्मेदार कि बारिश की वजह से काम नहीं हो सकता है । यहां के नागरिक कई बार शिकायती पत्र दिया लेकिन पालिका प्रशासन की संवेदनहीनता देखने लायक है क्योंकि जब दिक्कत होती है तो समस्या यहां के नागरिकों को होती है जो उस रास्ते से चलकर निकलता है । इस पर विशेष रूप से ध्यान देने की जरूरत है ऐसे और भी वार्डो का हाल है जहां लोग निकल नहीं सकते हैं । ऐसी स्थिति है ।
