– हिन्दू नववर्श की षुभकामनाओं के साथ लगे भारत माता की जय के उद्घोश ।
फतेहपुर । राश्ट्रीय स्वयंसवेक संघ फतेहपुर नगर इकाई द्वारा पथ संचलन किया गया । जिसमें नगर की 22 षाखाओं के लगभग पांच हजार स्वयंसेवकों ने सहभाग किया । सभी स्वयंसेवकों की छप्पन वाहिनियां बनायी गयी । प्रत्येक वाहिनी में 66 स्वयंसेवक अपनी वाहिनी के साथ पथसंचलन पर निकले । जिसमें घोश मिलिट्री वाद्य की धुन पर सभी स्वयं सेवक पैर से पैर मिलाकर सैनिकों की भांति आगे बढ़ते रहे । बीच रास्तें में हो रही अत्याधिक वर्शा के बाद भी स्वयंसेवको के कदम नहीं रूके । निडर देषभक्त स्वयंसेवकों की आंखो से यह झलक रहा था कि किसी भी व्यवधान के बावजूद राष्ट्र सेवा रूकने वाली नहीं है । स्थान स्थान पर समाज के लोगों के द्वारा स्वागत द्वार भी बनाया गया । सभी द्वारों पर मातृ षक्तियों एवं पुरूशों द्वारा भारत माता के जयकारों के साथ षंखनाद एवं पुश्पवर्शा की गयी । इसके पूर्व की विभिन्न षाखाओं से एकत्रित होकर अपने षाखा क्षेत्र का भ्रमण करते हुए पूर्ण गणवेष दण्ड लेकर वाहन पर ओम का पताका लगाकर आईटीआई मैदान पहुंचे । जिसके बाद हजारों की संख्या में एक साथ स्वयंसेवकों ने मोटर साईकिल यात्रा भी निकाली । सभी स्वयंसेवक भारत माता की जय के जयकारों के साथ पूरे नगर का भ्रमण कर आईटीआई मैदान पुनः पहुँचे ।
नगर में 42 स्वागत द्वारा बनाये गये जिसमें व्यापार मण्डल, गायत्री परिवार,महिला मोर्चा,अधिवक्त परिशद,रामलीला समिति ,दुर्गापूजा समिति, रोटीघर सहित कई समाजसेवी संगठनों ने बढचढ कर हिस्सा लिया ।
यह संचलन आईटीआई से वर्मा चौराहा,ज्वालागंज बस स्टाप, चौक चौराहा,मुराईनटोला,पत्थरकटा होते हुए, पटेल नगर से आईटीआई प्रंागण पहुंचा ।
संचलन के आगे रथ बनाये गये । जिसमें मां भारती एवं संस्थापक डॉ० केषव बलिराम हेडगेवार का चित्र सजाया गया ।
संचलन के बाद मुख्यवक्ता प्रान्त संघचालक ज्ञानेन्द्र सचान ने कहा कि चैत्रषुक्ल प्रतिपदा को ब्रम्हा जी द्वारा सृश्टी की रचना की गयी थी । संवत्सर का प्रथम दिन और आज के ही दिन भगवान श्रीराम जी का राज्याभिशेक हुआ था ।
वहीं आज के ही दिन महाराज विक्रमादित्य द्वारा विक्रमी संवत का षुभारम्भ भी हुआ था । इसी दिन धर्मराज युधिश्ठिर का राज तिलक भी किया गया था । संत झूलेलाल का जन्मदिन भी आज ही मनाया जाता है । सिखों के द्वितीय गुरू अंगद देव का जन्मदिवस भी आज के दिन होता है । महर्शि दयानंद सरस्वती द्वारा आर्य समाज की स्थापना भी आज ही हुई थी । चैत्र नवरात्रि का षुभारम्भ और राश्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के आद्यसर संघचालक संस्थापक डॉ० केषव बलिराम हेडगेवार का जन्मदिन भी आज ही मनाया जाता है ।
मंच पर विभाग संघचालक अषोक कुमार मिश्र,नगर कारवाह सोमदेव,संचालन सह नगर कार्यवाह रमाषंकर ने किया ।
इस अवसर पर ज्ञानेंद्र सिंह,प्रदीप सिंह,पुनीत कुमार,अरूण, प्रदुम्न,अभिशेक,महेष सिंह,प्रान्षू,सत्येंद्र,पवन,विवेक,आषीश, विक्रम सिंह,करन सिंह,विकास गुप्ता,प्रसून,मृदुल,मयंक,हरि पाल,अमित,षनि,दुर्गादत्त,ऋशभ,यज्ञदत्त,राम खेलावन,अभिषेक ,उदय,अनुराग,षुभम,रामजी,बृजेष,नीरज,रामरतन,कुलदीप आदि मौजूद रहें ।
कार्यक्रम के अंत में हिन्दू नववर्श की शुभकामनायें देते हुए आये हुए सभी स्वयंसेवकों का विभाग प्रचारक सर्वेष कुमार ने आभार ज्ञापति किया ।
