फतेहपुर । डॉ० नवलकिशोर मुख्य पशुचिकित्साधिकारी फतेहपुर ने बताया कि जनपद फतेहपुर की गोवंशीय एवं महिषवंशीय पशुओं को लम्पी स्किन डिजीज से बचाने के उद्देश्य से पशुपालन विभाग फतेहपुर द्वारा जनजागरूकता टीकाकरण एवं चिकित्सा आदि कार्यों हेतु जिला मुख्यालय एवं तहसील स्तर पर कंट्रोल रूम की स्थापना की गई है ।
डॉ० आर०डी० त्रिपाठी उप मुख्य पशु चिकित्साधिकारी को जिला स्तर पर कंट्रोल रूम प्रभारी बनाया गया है । जिनका कार्यालय विकास भवन में है एवं तहसील खागा पर डॉ० एस ० बी० शर्मा उप मुख्य पशु चिकित्साधिकारी,पशु चिकित्सालय खागा को कंट्रोल रूम प्रभारी बनाया गया है ।
तहसील सदर पर डॉ० महेन्द्र कुमार उप मुख्य पशु चिकित्सा धिकारी, पशु चिकित्सालय सदर को कंट्रोल रूम प्रभारी बनाया गया है । तहसील बिन्दकी पर डॉ० एमपी राठौर उप मुख्य पशु चिकित्साधिकारी,पशु चिकित्सालय बिन्दकी को कंट्रोल रूम प्रभारी बनाया गया है । ज्ञातव्य हो कि लम्पी स्किन डिजीज गोवंशीय एवं महिषवंशीय पशुओं की बीमारी है जो कि एक प्रकार के विषाणु से होती है यह बीमारी वर्तमान में गोवंशीय पशुओं को प्रमुखता से प्रभावित कर रही है । जिसमें गोवंशीय पशुओं को शुरुआत में तीव्र ज्वार आता है एवं बाद में सम्पूर्ण शरीर पर जगह-जगह गांठे पड़ जाती है । जिनसे पशु को अत्यधिक दर्द होता है एवं पशु चारा खाना छोड़ देता है । कुछ पशुओं में खांसी,जुकाम एवं डायरिया भी होती है । पशु काफी कमजोर हो जाता है । ऐसे गोवंशों को स्वस्थ पशुओं से अलग बांधकर चिकित्सा की जाती है । जो लगभग 10 दिन में स्वस्थ हो जाते है । यह बीमारी पशुओं से मनुष्यों में नहीं फलती है ।
बीमारी के रोकथाम हेतु जनपद के सभी पशु चिकित्सालयों पर पर्याप्त मात्रा में टीका एवं औषधियां उपलब्ध है । रोग नियंत्रण हेतु सम्पूर्ण जनपद में टीकाकरण कार्य किया जा रहा है । रोग के लक्षण दिखाई पड़ने पर चिकित्सा हेतु अपने निकटवर्ती पशु चिकित्सालय पर सम्पर्क करे ।
