बिन्दकी/फतेहपुर । महान समाज सुधारक तथा भारत की पहली महिला शिक्षा का सावित्रीबाई फुले की जयंती भीम आर्मी द्वारा मनाई गई ।
इस मौके पर मौजूद लोगों ने उनके व्यक्तित्व और केतित्व पर चर्चा करते हुए कहा कि वह भारत की पहली महिला शिक्षिका थी वह महान समाज सुधारक थी । वह बाल विवाह तथा सती प्रथा का विरोध करती थी और विधवा पुनर्विवाह का समर्थन करती थी । वह साहित्यकार भी थी छुआछूत और भेदभाव के खिलाफ उन्होंने आवाज उठाई थी । उन्हें हमेशा याद किया जाएगा ।
कस्बे के तहसील रोड में शनिवार को दोपहर करीब 12:00 बजे भीम आर्मी द्वारा महान समाज सुधारक तथा भारत की पहली महिला शिक्षिका सावित्रीबाई फुले की जयंती मनाई गई । मौजूद लोगों ने सावित्रीबाई फुले की चित्र पर श्रद्धा सुमन अर्पित कर उनके व्यक्तित्व तथा कृतित्व पर चर्चा किया ।
इस मौके पर भीम आर्मी के जिलाध्यक्ष राजेश पाटिल ने कहा कि सावित्रीबाई फुले भारत की पहली महिला शिक्षिका थी । वह महान समाज सुधारक थी । उन्होंने अपने पति ज्योतिबा फुले के साथ मिल कर 18 स्कूल खुला जिसमें दलित और लड़कियों के लिए स्कूल भी शामिल थे ।
उन्होंने बाल विवाह तथा सती प्रथा का विरोध किया था तथा विधवा पुनर्विवाह का समर्थन किया था। उन्होंने काव्य फूले और बावन काशी सुबोध रत्नाकर साहित्यिक रचनाएं लिखी थी । उन्होंने जाति भेदभाव और छुआछूत के खिलाफ आवाज उठाई थी और महिला सेवा मंडल की स्थापना भी की थी । उन्हें हमेशा याद किया जाएगा ।
इस मौके पर आजाद समाज पार्टी के जिला उपाध्यक्ष पुत्ती लाल मास्टर,भीम आर्मी के तहसील अध्यक्ष दिनेश गौतम,भीम आर्मी के नगर अध्यक्ष नरेंद्र उर्फ टाइगर के अलावा विजय गौतम,ओम प्रकाश गौतम,जितेंद्र कुमार,विकास,नायक,कौशल किशोर,शिवनंदन फौजी, राजकरण गौतम,विजेंद्र कुशवाहा,बदलू राम,अमीन शिवबरन पासी, रोहित,रचित अंबेडकर ,देवी प्रसाद,गुलाब,संतोष सैनी सहित तमाम लोग मौजूद रहे ।
