मणिपुर के मुख्यमंत्री युमनाम खेमचंद ने घायलों से मुलाक़ात की है ।
मणिपुर । राज्य के गृहमंत्री गोविंदास कोंथौजम ने गुरुवार को पत्रकारों से बातचीत में कहा कि राज्य में विभिन्न समूहों ने नगा और कुकी समुदायों से जुड़े “38 से अधिक ग्रामीणों” को बंधक बनाया है ।
दरअसल बुधवार को कांगपोकपी ज़िले के कोटज़िम और कोटलेन गांव के बीच घात लगाकर किए गए हमले में तीन चर्च नेताओं की हत्या के बाद से कुकी और नगा समुदायों के बीच तनाव बढ़ गया है ।
गृह मंत्री गोविंदास ने गुरुवार को इंफाल स्थित जवाहरलाल नेहरू इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज के शवगृह के बाहर हमले में मारे गए पीड़ित परिवार के सदस्यों से मुलाक़ात की
इस बीच उन्होंने मीडिया से बात करते हुए दावा किया, “जिन लोगों ने भी यह हमला किया है । उनको जल्द ही गिरफ़्तार कर लिया जाएगा । हमने केंद्रीय गृह मंत्रालय को इस बारे में अवगत करा दिया है और बंधक बनाए गए लोगों की रिहाई सुनिश्चित करने के प्रयास जारी हैं ।”
गृह मंत्री ने आगे बताया “राज्य में विभिन्न समूहों ने नगा और कुकी समुदायों से संबंधित 38 से अधिक लोगों को बंधक बनाकर रखा गया है । हम उनकी रिहाई सुनिश्चित करने के लिए नागरिक समाज समूहों और राजनीतिक नेताओं के साथ सक्रिय रूप से बातचीत कर रहे हैं ।”

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चर्च नेताओं की हत्या के बाद कुकी संगठनों ने सशस्त्र नगा समूहों पर इसमें शामिल होने का आरोप लगाया था । इस हमले के बाद कुकी संगठनों के आह्वान पर बुधवार दोपहर से चुराचांदपुर और कांगपोकपी में बेमियादी बंद चल रहा है । चर्च नेताओं की हत्या के बाद बुधवार शाम नोनी ज़िले में हिंसा की एक और घटना में एक आम नागरिक की गोली मारकर हत्या कर दी गई, जबकि उनकी पत्नी घायल हुई है । इन हमलों की घटनाओं को लेकर कांग्रेस सांसद ए बिमोल अकोइजाम ने सरकार पर मणिपुर के लोगों के जान-माल की रक्षा करने में नाकाम रहने का आरोप लगाया है ।
उन्होंने एक बयान जारी कर कहा “सरकार को बिना किसी रोक-टोक के काम कर रहे इन हथियारबंद गुटों के ख़िलाफ़ तुरंत सख्त कार्रवाई करनी चाहिए ।”
