कानपुर । महानगर में राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद के अध्यक्ष रहे यश:कायी आर सी कनौजिया की प्रथम पुण्यतिथि पर आयोजित श्रद्धांजलि सभा की अध्यक्षता करते हुए श्रम विभाग के प्रांतीय अध्यक्ष प्रभात मिश्रा ने बताया कि स्वर्गीय कनौजिया जी राज्य कर्मचारियों के मसीहा थे ।
वह कर्मचारियों की समस्याओं के लिए समय-समय पर संघर्ष करते रहे । उन्होंने कई बार प्रदेश सरकार के विरुद्ध हड़ताल कर सरकार द्वारा लगाए गए एस्मा जैसे कानूनों को भी चुनौती दी एवं विगत वर्षों में 16 दिनों की हड़ताल में उनके नेतृत्व पर जुलूस प्रदर्शन कर सरकार के आदेशों की धज्जियां उड़ाई गई थी । प्रशासन मूकदर्शक बना रहा । यश:कायी कनौजिया कानपुर में चर्चित नेता के रूप में जाने जाते थे ।
सेवानिवृत्ति के पश्चात उनको सेवानिवृत्त कर्मचारी एवं पेंशनर्स एसोसिएशन उत्तर प्रदेश के कानपुर मंडल का महामंत्री नियुक्त किया गया । उन्होंने सेवानिवृत्त कर्मचारियों के लिए भी संघर्ष किया ।
पेंशनर एसोसिएशन कानपुर के संयोजक बीएल गुलाबिया ने सभा को संबोधित करते हुए बताया कि स्वर्गीय कनौजिया एक निष्पक्ष ईमानदार आदर्श पुरुष थे । समाज में आज भी उनके जैसे नेता के पद चिन्हों पर चलने की आवश्यकता है । सभा में राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद प्रांतीय संरक्षक भूपेश अवस्थी ने उनके कार्यों पर विस्तृत रूप से प्रकाश डाला एवं कहा कि आज उनके संघर्षों को यादगार बनाने के लिए उनके पद चिन्हों पर चलने संकल्प लेने की आवश्यकता है ।
कनौजिया जी अपने सरकारी दायित्व का निर्वाह करते हुए राज्य कर्मचारियों के के साथ डिप्लोमा फार्मासिस्ट एसोसिएशन के का कार्य करते रहे ।
उक्त विचार ईएसआई डिप्लोमा फार्मासिस्ट एसोसिएशन के प्रांतीय अध्यक्ष उदय राज सिंह ने व्यक्त किये एवं उनके कार्यों को अति उत्तम बताते हुए उनके पद चिन्हों पर चलने का संकल्प लिया ।
कार्यक्रम में प्रमुख रूप से प्रभात मिश्रा,भूपेश अवस्थी,बी एल गुलाबिया,आदेश पटेल,जिनिशा पटेल,योगेश शुक्ला,उदय राज सिंह,देवर्षि दुबे,रोहित तिवारी,रतिकांत पाल,अजय बाल्मीकि, राजकुमार वाल्मीकि,रविंद्र कुमार मधुर,आलोक यादव,पी के सिंह,अनिल प्रताप सिंह,बद्री मिश्रा,उमेश सिंह,रामकुमार त्रिपाठी पी के सिंह राकेश बाबू पांडेय आदि उपस्थित रहे ।
