फतेहपुर । जिला विधिक सेवा प्रधिकरण फतेहपुर सचिव पूर्ण कालिक श्रीमती अनुराधा शुक्ला ने बताया कि जिला विधिक सेवा प्राधिकरण फतेहपुर के तत्वाधान में अशोक कुमार सिंह तृतीय जनपद न्यायाधीश/अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण फतेहपुर के दिशा निर्देशन मे महर्षि विद्या मंदिर फतेहपुर में विधिक जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया ।
उक्त उक्त जागरुकता शिविर में अखिलेश कुमार पाण्डेय अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश एवं श्रीमती अनुराधा शुक्ला सचिव पूर्ण कालिक जिला विधिक सेवा प्राधिकरण फतेहपुर श्री पी. पी.पाण्डेय अधिवक्ता,सोमनाथ गुप्ता अघिवक्ता,पीयूष पाण्डेय अधिवक्ता,प्रमोद कुमार त्रिपाठी प्रधानाचार्य एवं श्री अजय किशोर शिक्षक,श्री अखिलेश उपाध्याय शिक्षक आदि शिक्षकगण उपस्थित रहे ।
उक्त शिविर में अखिलेश कुमार पाण्डेय अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश फतेहपुर द्वारा शिक्षकगण एवं बच्चो को सम्बोधित करते हुये बताया कि गुरु का पद समाज में सबसे उॅचा है । गुरू ज्ञान की ज्वाला में जल कर प्रकाश बच्चों को देता है । गुरू बच्चों का चरित्र निर्माता एवं भविष्य निर्माता होता है । गुरू द्वारा दिये गये निदेशों का पालन करना चाहिए । गुरू गोविन्द दोउ खडे काके लागे पाव,गुरू बलिहारी आप ने गोविन्द दियो बताए । दोहे के माध्यम से गुरू पद को सबसे बडा बताया गया ।
इसी क्रम में श्रीमती अनुराधा शुक्ला सचिव (पूर्ण कालिक) जिला विधिक सेवा प्राधिकरण,फतेहपुर द्वारा गुरू की महिमा के बारे में एवं अगामी राष्ट्रीय लोक अदालत 14 मई 2022 के आयोजन एवं साथ ही लोक अदालत में निस्तारित किये जाने वाले लधु वादो की जानकारी दी गयी कि कैसे राष्ट्रीय लोक अदालत के दिन लधु वादो को चिन्हित कराकर ज्यादा से ज्यादा लधु वादो का निस्तारण किया जा सके । महिलाओ को महिला हेल्पलाइन 1090 तथा उ0प्र0 राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा चलाई जा रहीं टोल फ्री नम्बरों की जानकारी दी गयी इसके साथ ही 06 से 14 वर्ष तक निःशुल्क शिक्षा का अधिकार तथा अनुच्छेद 39 में वर्णित समानता के अधिकार,मूल अधिकार एवं उनके कर्तव्यो के बारे में अवगत कराया गया साथ ही उपस्थित सभी लोगोे को अहिंसा,भयमुक्त जीवन जीने के लिए प्रेरणा दी गयी ।
उपस्थित लोगो को जागरुकता शिविर में वृ़द्धा पेंशन योजना, मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना एवं महिला सम्बन्धी अधिकारो की जानकारी दी गयी साथ ही लोगों को शासन द्वारा चलायी जा रही कल्याणकारी योजनाओ के बारे में जानकारी दी गयी ।
इसके साथ ही मुख्यमंत्री बाल कल्याणकारी योजना के अन्र्तगत यदि किसी छात्र-छात्राओ के पिता कोविड-19 से मृत्यु हो गयी हो और बच्चे कालेज/स्कूल में पढ़ रहे है तो सरकार द्वारा प्रतिमाह प्रति बच्चा 4500 रुपये बच्चे के शिक्षण के खर्च के लिये दे रही है आदि तमाम प्रकार की योजनाओ की से लोगो को जानकारी दी गयी ।
