कानपुर । जनपद कानपुर देहात के मैथा ब्लाक की पूर्व ब्लाक से रंगदारी मांगने के लिये क्राइम ब्रांच लखनऊ का सीओ बनकर पहुंचे तीन युवकों को कानपुर आउटर की थाना बिधनू पुलिस ने दबोच लिया । पकड़े गये तीन अभियुक्तों की कार की तलाशी में दो वाकी टाकी और एक उपनिरीक्षक का फर्जी आईकार्ड भी बरामद हुआ है । पुलिस पकड़े गये अभियुक्तों का आपराधिक इतिहास पता करने के साथ ही तीनों के खिलाफ विधिक कारवाई कर रही है ।
पुलिस अधीक्षक कानपुर आउटर तेजस्वरूप सिंह द्वारा अपराध एवं अपराधियो के विरुद्ध चलाए जा रहे सघन अभियान के तहत थाना बिधनू पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी । घटनाक्रम के मुताबिक गुरुवार सुबह जनपद कानपुर देहात के मैथा ब्लाक की पूर्व ब्लाक रंजू यादव निवासी थाना बिधनू के यहां क्राइम ब्रांच लखनऊ का सीओ बनकर तीन युवक रंगदारी मांगने पहुंचे हैं ।
सूचना पर एक्शन मोड में आई थाना बिधनू पुलिस कुछ ही देर में घटना स्थल पर पहुंच गये । पुलिस को देखकर युवकों के हाथ पांव ढीले हो गये । पकड़े गये अभियुक्तों की पहचान 1. माज पुत्र मो0सब्बर नि0 सी 2/177 सर्वोदय नगर थाना गाजीपुर लखनऊ उम्र 31 वर्ष 2. बृजेश सिंह पुत्र विजय सिंह नि0 नियामतचक जटा शंकर चौक कोतवाली गोरखपुर 3.आशुतोष पाण्डेय पुत्र दिलीप पाण्डेय नि0 एच। लिबर्टी कालोनी सर्वोदय नगर थाना गाजीपुर लखनऊ के रूप में हुई । तीनों को पुलिस ने हिरासत में ले लिया । जिस कार से तीनों अभियुक्त आए थे जब पुलिस ने उसकी तलाशी ली तो उनके कब्जे से 02 अदद बाकी टाकी सेट व 01 अदद कूटरचित उ0प्र0 पुलिस का आईकार्ड बरामद हुआ व वाहन संख्या UP32 KT 1686 इटियोस कार जिसमें पुलिस का लोगो बना हुआ है बरामद हुई ।
उक्त बरामदगी के आधार पर थाना बिधनू पर मु0अ0सं0 347/22 धारा 406/420/504/506/384 भादवि थाना बिधनू कानपुर का मुकदमा पंजीकृत कर आवश्यक विधिक कार्यवाही की जा रही है । अभियुक्तों पर लखनऊ के थाना गोमतीनगर में भी तीन मुकदमें पंजीकृत हैं ।
अब तक हुई पूछताछ में सामने आया कि अभियुक्त माज जो कि पूर्व में पूर्व ब्लाक प्रमुख के साथ खनन का कार्य करता था । उसका कुछ लेनदेन का विवाद चल रहा था । बीती रात भी फोन पर पूर्व ब्लाक प्रमुख से इसको लेकर कहासुनी हुई थी । जिसमें बृजेश सिंह ने खुद को सीओ क्राइम ब्रांच लखनऊ बताकर धमकाया था और अंजाम भुगतने की धमकी भी दी थी । इसके बाद गुरुवार को वह वसूली करने के लिये पूर्व ब्लाक प्रमुख के घर पहुंच गये । शंका होने पर पूर्व ब्लाक प्रमुख ने पुलिस को सूचना दी और तीनों को थाना बिधनू पुलिस ने दबोच लिया । आईकार्ड और वाकी टाकी के बारे में अभियुक्तों ने बताया कि टोल टैक्स बचाने के लिये इसे बनाया था । पुलिस अभियुक्तों का अन्य आपराधिक इतिहास भी खंगाल रही है ।
गिरफ्तार करने वाली पुलिस टीम थाना प्रभारी प्रकाश चन्द्र शर्मा थाना बिधनू,मुकेश कुमार बाजपेयी चौकी प्रभारी न्यू आजाद नगर,उ0नि0यूटी दीपक कुमार,हे0कां0 रामवीर,कॉ0 सुम्मेद, कां0 अरूण शामिल रहे ।
