– परिवारीजन सीतापुर रवाना, मौत का कारण स्पष्ट नहीं
फतेहपुर । कल्यानपुर थाना क्षेत्र के जलाला निवासी दरोगा मनोज कुमार गौड़ की मौत से हड़कम्प मच गया । वह जनपद सीतापुर के मछरेहटा थाने में तैनात थे ।
बताया जा रहा दरोगा ने खुद को सरकारी असलहे से गोली मार ली । उसे अस्पताल ले जाया गया । जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया । सीतापुर जिले के मछरेहटा थाने में तैनात दरोगा ने शुक्रवार सुबह खुद को संदिग्ध परिस्थितियों के चलते गोली मार ली । पुलिस ने मछरेहटा सीएचसी में भर्ती कराया । जहां से चिकित्सको ने जिला अस्पताल रेफर कर दिया । जिला अस्पताल में चिकित्सकों ने उनकी मौत की पुष्टि की है मछरेहटा थाने में तैनात दरोगा मनोज कुमार मूल रूप से फतेहपुर जनपद कल्यानपुर थाना क्षेत्र के जलाला गांव निवासी थे । पाँच महीने से मछरेहटा थाना मे तैनात थे । वह दीवान से दरोगा बने थे । सरकारी असलहे से खुद को गोली मारे जाने की बात सामने आई है । मौके पर ही वह गिर पड़े ।
पुलिसकर्मियों ने उनको उठाकर सीएचसी में भर्ती कराया । जहां उनकी हालत नाजुक देखते हुए जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया है ।
अपर पुलिस अधीक्षक दक्षिणी प्रवीन रंजन ने बताया कि उनको कारण की जानकारी नहीं है ।
वहीं पुलिस अधीक्षक चक्रेश मिश्र ने बताया कि उपनिरीक्षक मनोज कुमार की इलाज के दौरान मौत हो गई है । उनके परिजनों को सूचित किया गया है । शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है ।घटना के कारणों का पता लगाया जा रहा है ।
दस भाई बहनो में दरोगा था सबसे बड़ा
दरोगा मनोज कुमार गरीब परिवार में जन्मे थे । पिता राम औतार गौड़ मजदूरी कर दस बच्चों का पालन पोषण किया । आठ बहनो व दो भाईयो मे दरोगा मनोज कुमार सबसे बड़े थे । लखनऊ के बिजनौर मे उनका निवास था । जहा पत्नी गीता देवी व तीन बच्चे ऋतिक उर्फ आकाश(पुत्र), आँचल (पुत्री) व शिवेंद्र उर्फ सिब्बु (पुत्र) के साथ रहते थे । मार्च मे पाँच दिनों की छुट्टी मे घर भी आये थे । पिता रामऔतार के अनुसार वह स्वयं गोली नही मार सकते ।
जानकारी पाते ही गाँव मे कोहराम मच गया । परिजन सीतापुर के लिए रवाना हो गए है ।
