एक चलती ट्रेन की कोच में धार्मिक अनुष्ठान किए जाने का वीडियो वायरल होने के बाद सोशल मीडिया पर लोग प्रतिक्रिया दे रहे हैं ।
नई दिल्ली । सोशल मीडिया पर एक वीडियो तेज़ी से वायरल हो रहा है । जिसमें चलती हुई एक ट्रेन के कोच के अंदर धार्मिक अनुष्ठान होता दिखाई दे रहा है । इस वीडियो को शेयर करते हुए कई सोशल मीडिया यूजर सवाल पूछ रहे हैं कि क्या ऐसे अनुष्ठान चलती ट्रेन के अंदर किए जा सकते हैं ?
वीडियो के वायरल होने के बाद उत्तर रेलवे ने एक्स पर पोस्ट करके बताया है कि यह अनुष्ठान एक निजी तौर पर बुक किए गए सैलून कोच में हुआ था । जिसे तीन लाख रुपये में बुक किया गया ।
“यह कोच आईआरसीटीसी के ज़रिए कमर्शियल बुकिंग के तहत एलॉट किया गया था । इसकी बुकिंग बीती आठ जुलाई को 3,08,580 रुपये की एडवांस राशि के साथ हुई ।”
साथ ही उत्तरी रेलवे ने कहा है कि “यात्रियों की सुरक्षित यात्रा उसकी जिम्मेदारी है । इस घटना में किसी भी व्यक्ति को चोट नहीं आई है । वीडियो में जो पुजारी अभिषेक करते हुए दिखाई दे रहे हैं, वह पूजा एक सैलून कोच के अंदर की जा रही थी, जिसे संबंधित पक्ष ने बुक कराया था ।”
सैलून कोच ट्रेन का एक निजी और अत्याधुनिक डिब्बा होता है, जिसे आमतौर पर वरिष्ठ अधिकारियों और वीआईपी लोगों के लिए बनाया जाता है । इसमें एक बेडरूम, छोटी रसोई, बैठक और डायनिंग रूम के अलावा अटैच वॉशरूम जैसी सुविधाएं होती हैं ।
