रवीन्द्र त्रिपाठी की खास रिपोर्ट
लखनऊ । पुलिस के जवानों को छुट्टी लेने के लिए क्या-क्या पापड़ बेलने पड़ते हैं और अधिकारियों की कितनी विनती और चिरौरी करनी पड़ती है । यह सबसे ज्यादा उत्तर प्रदेश पुलिस के सिपाहियों व पुलिस अधिकारियों को मालूम है । शादी के बाद पत्नी के साथ समय बिताने के लिए एक सिपाही को अवकाश लेने के लिए अजीबोगरीब पत्र लिखना पड़ा । उसे 15 दिनों की छुट्टी चाहिए थी । सिपाही ने छुट्टी के लिए दिए गए प्रार्थना पत्र में लिखा कि आदरणीय महोदय शादी के बाद उसे खुश खबरी के लिए 15 दिनों की छुट्टी चाहिए। सिपाही ने प्रार्थना पत्र में लिखा कि उसकी शादी के 7 महीने बीत गए अभी तक कोई खुशखबरी नहीं मिली । डॉक्टर के सलाह के अनुसार दवा ली है तथा उसके साथ रहना है । इन 15 दिनों में वह अपनी पत्नी के साथ घर पर रहेगा ।
अतः श्रीमान जी से निवेदन है कि प्रार्थी को 15 दिवस का ईएल अवकाश देने की कृपा की जाए । इस प्रार्थना पत्र को सक्षम अधिकारी द्वारा छुट्टी के लिए संस्तुति के साथ अग्रसारित कर दिया गया है ।
यह तो एक सिपाही का दर्द है । पुलिस विभाग में तमाम ऐसे जवान हैं जो अवकाश के लिए परेशान रहते हैं । प्रदेश में किसी भी जगह तनाव हो या दीपावली,दशहरा,ईद,बकरीद ,मोहर्रम जैसे तीज त्यौहार हो तो अवकाश की प्रक्रिया बंद कर दी जाती है ।
एएसपी दुर्गा प्रसाद तिवारी के अनुसार अवकाश लेना हर कर्मचारी का अधिकार है । कभी कभार पर्व त्योहारों या आपात स्थिति को छोड़कर सामान्य छुट्टी देने से परहेज किया जाता है । किसी सिपाही द्वारा अवकाश के लिए इस तरह की बातों का हवाला देकर आवेदन करने की उन्हें जानकारी हालांकि नहीं है । पुलिस विभाग में छुट्टी नहीं मिलने से जवान हमेशा परेशान रहते हैं । भागदौड़ व चिरौरी विनती के बाद भी किसी तरह जरूरी कामों के लिए दो चार दिनों का अवकाश ही मिल पाता है । ऐसे में जवान अवकाश के लिए अजीबो-गरीब तर्क दे रहे हैं । बलिया जनपद में डायल 112 में तैनात एक कांस्टेबल ने छुट्टी के लिए जो आवेदन दिया है वह बेहद रोचक और अनोखा है ।
एएसपी ने बताया कि पुलिस अथवा अन्य सरकारी महकमों में महिलाओं के लिए मातृत्व तथा पुरुषों के लिए पितृत्व अवकाश का प्रावधान है । हालांकि दोनों के अवकाश लेने में समय में बड़ा अंतर है । महिलाओं को जहां पहले 135 दिन का मातृत्व अवकाश मिलता था । वही शासन ने कुछ साल पहले इसे बढ़ाकर 180 दिन कर दिया है । इसी प्रकार पुरुषों को 15 दिन का पितृत्व अवकाश मिल सकता है । विभागीय अधिकारी के अनुसार यह अवकाश पूरी नौकरी के दरमियान केवल दो बार ही लिया जा सकता है । यह अवकाश तब भी लिया जा सकता है जब कर्मचारी की पत्नी को प्रसव होने वाला हो अथवा किसी रोग से ग्रसित हो ।
