लखनऊ । अंतरराष्ट्रीय ख्यातिप्राप्त सांस्कृतिक एवं सामाजिक संस्था सुर ताल संगम के बैनर तले सुप्रसिद्ध संगीतकार नौशाद अली को उनके ही गीत संगीत के जरिए श्रद्धांजलि अर्पित की गई ।
एक भव्य संगीत कार्यक्रम आयोजित कर संस्था के समस्त प्रमुख पदाधिकारियों और कलाकारों ने नौशाद की संगीतबद्ध लोकप्रिय रचनाएं बेहद खूबसूरती से प्रस्तुत कीं । जिनकी सभी गणमान्य अतिथियों सहित दर्शकों ने भी भूरि भूरि प्रशंसा करते हुए सुर ताल संगम की सभी गतिविधियों की खूब सराहना की ।
राजधानी लखनऊ स्थित अंतरराष्ट्रीय बौद्ध संस्थान प्रेक्षागृह में आयोजित किए गए यादगार समारोह में सर्वप्रथम मुख्य अतिथि राजेश कुमार जायसवाल एवं श्रीमती संगीता जायसवाल और विशिष्ट अतिथि आर सी श्रीवास्तव एवं श्रीमती नीता श्रीवास्तव ने दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया तथा सुर ताल संगम के संरक्षक मंडल की तरफ से अजय श्रीवास्तव, डॉ० जया श्रीवास्तव,सहर जावेद फारूकी,राजेन्द्र नाथ,अंशुमन दास,सीमा श्रीवास्तव ने सभी अतिथियों को अंगवस्त्र, स्मृति चिन्ह एवं पुष्प आदि भेंट कर स्वागत सम्मान किया । इसके बाद कुशल बाल नृत्यांगना अक्षिता सिंह ने मधु बन में राधिका भजन पर मनोहारी नृत्य प्रस्तुत कर संगीत संध्या की विधिवत शुरुआत की । फिर एक से बढ़कर एक प्रस्तुतियों का सिलसिला देर रात तक चलता रहा और भव्य प्रेक्षा गृह लगातार तालियों की गड़गड़ाहट से गुंजायमान होता रहा ।
सुर ताल संगम के प्रमुख पदाधिकारियों में अंतरराष्ट्रीय ख्यातिप्राप्त गायिका डॉ० जया श्रीवास्तव,अमन सोनी,अविजित श्रीवास्तव, गगन शुक्ला, अतुल श्रीवास्तव,अनीता सिंह,सीमा श्रीवास्तव,अंशुमन दास, वंदना श्रीवास्तव ,ऐमन जावेद फारूकी, दिनेश श्रीवास्तव,मोहम्मद सलीम समेत बाल कलाकारों अद्विका श्रीवास्तव,अमन जावेद फारूकी ,उन्नति श्री,अराइना आदि ने बेहतरीन प्रदर्शन किया ।
इस शानदार कार्यक्रम का विशेष आकर्षण राजेन्द्र नाथ का मेंडोलिन वादन तथा मुंबई से आमंत्रित सुप्रसिद्ध गायिका एवं नृत्यांगना आद्या श्रीवास्तव का गायन और नृत्य रहा । जहां गीत,ग़ज़ल,भजन, नृत्य तथा वाद्य यंत्रों ने संगीतकार नौशाद की यादों को ताजा किया ।
वहीं अपने कुशल मंच संचालन से आयोजन को चार चांद लगाते हुए सुप्रसिद्ध उद्घोषक राजेन्द्र विश्वकर्मा और संस्था की डायरेक्टर डॉ जया श्रीवास्तव ने खूब वाहवाही बटोरी । कार्यक्रम के समापन पर सुर ताल संगम संस्था के अध्यक्ष श्री अजय श्रीवास्तव, डायरेक्टर डॉ जया श्रीवास्तव, मुख्य संरक्षिका सहर जावेद फारूकी आदि ने सभी कलाकारों को स्मृति चिन्ह और प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया ।
