कुछ महत्वपूर्ण तथ्य –
– हर साल बारिश होती है और पालिका प्रशासन आम जनता के लिए संवेदनहीन हो जाती है ।
– खबरें लिखने के बाद भी व्यवस्था ज्यों का त्यों बनी रहती है ।
– जल भराव इस कदर हो जाता है कि नागरिकों को पानी से लबालब हिल कर जाना पड़ता है ।
– जहां सरकार बड़ी बड़ी बातें करती हैं तो क्या इससे संक्रमण का खतरा नहीं रहता है ।
– क्या सरकारें और व्यवस्थापिका आम जनमानस के लिए नहीं हैं ।
– क्या जैसे जैसे समय बढ़ता रहेगा तो आम आदमी का जीवन संघर्षों से भरा हुआ होगा ।
– बहुत ही सोचने वाली बात है इस पर नागरिकों को स्वयं विचार करना होगा ।


वार्ड नंबर 15 का दृश्य
बिन्दकी/फतेहपुर । उत्तर प्रदेश के फतेहपुर जिले के तहसील बिन्दकी में हुई पहली जोरदार मानसूनी बारिश ने नगर पालिका की तैयारियों की पोल खोल दी । लगभग दो घंटे की बारिश से शहर की गलियां तालाब में तब्दील हो गईं । ज्यादातर वार्ड जलमग्न हो गए हैं । जहां से निकलना बहुत ही मुश्किल हो गया है । बारिश इतनी तेज थी कि लंका रोड, नजाही बाजार, मुगल रोड कोतवाली के सामने, रामलीला मैदान,खजुहा रोड पानी से लबालब हो गए ।
तहसील के पीछे का मार्ग सबसे ज्यादा प्रभावित है । निकलने के सारे मार्ग ठप्प है । पालिका और वार्ड के मेम्बर सुस्ती बनाए हुए हैं । लेकिन मेंबर क्या करे । सारी व्यवस्था को उच्च सफेदपोश नेताओं के हिसाब से चलते हैं, जल भराव से तरह तरह की बीमारियां फैल रही हैं । इन इलाकों में लगभग करीब 3 फीट तक पानी भर गया ।
सोमवार को आज 02 बजे तक उमसभरी गर्मी के बाद करीब दो घंटे हुई मूसलाधार बारिश से जिले, तहसील का मौसम बदल गया । बारिश के साथ चल रही हवा ने मौसम को खुशनुमा बना दिया । दिन के बाद शाम के तापमान में गिरावट आने से लोगों को काफी राहत मिली । रविवार की रात से लेकर सोमवार के दिन तक उमसभरी गर्मी से लोगों का हाल बेहाल रहा । लेकिन दोपहर 2 बजे काले बादल घिर आए और 4 बजे तक बादल लगातार झूमकर बरसे । काले बादलों के छाने से दिन के पांच बजे ही अंधेरा छा गया । इसके बाद भी हल्की बारिश होने और हवा चलने से मौसम खुशनुमा बना रहा । वहीं बारिश के बाद फोरलेन सहित नगर के कई मोहल्लों की सड़कों पर जलभराव हो गया । बारिश रुकने के काफी देर बाद तक सड़कें पानी में डूबी रहीं । जिससे लोगों को आवागमन में परेशानी उठानी पड़ी । लोग नगर पालिका परिषद पर इसका दोष मढ़ते रहे । उनका कहना था कि यदि पालिका प्रशासन ने बारिश के पहले नाले-नालियों की सफाई करा देता तो उन्हें परेशानी नहीं उठानी पड़ती । अभी भी कई स्थानों पर नाले से सिल्ट निकालकर छोड़ा गया है । जो बारिश के पानी के साथ वापस बह कर नाले में गिर जा रहा है । बारिश ने नगर पालिका प्रशासन के दावों की पोल खोलकर रख दी है ।
अभी जुलाई के पहले सप्ताह तक अच्छी बारिश होने की संभावना है । बारिश के करीब एक घंटे बाद ही बारजा तेज आवाज के साथ गिर गया । बारजा गिरने की आवाज सुन कर आवंटी घबरा उठे । पहले तो उन्हें पता नहीं चला । लेकिन जब बाहर निकलकर देखा तो बारजे को गिरा पाया। बारिश के दौरान तीन घंटे बिजली आपूर्ति रही ठप्प ।
स्थानीय दुकानदारो ने बताया कि यह एक गम्भीर समस्या है हर साल ऐसी ही विपदा आती है । पहली बारिश में ही दुकानों में पानी भर जाता है और सामान खराब हो जाता है । इस बार की बारिश से भी काफी नुकसान झेलना पड़ा । लेकिन पालिका प्रशासन चुप्पी साधे हुए है इतने बजट के बाद भी व्यवस्था धड़ाम चल रही है । नगर पालिका की गतिविधियां सिर्फ बारिश के बाद निरीक्षण तक ही सीमित रहती हैं ।
बारिश से जहां व्यापारियों को नुकसान हुआ, वहीं बच्चों ने सड़कों पर जमा पानी में खूब मस्ती की । गर्मी से परेशान लोगों को भी राहत मिली ।









हालांकि, कई इलाकों में जलभराव से आवागमन बाधित हुआ । लोगों को जरूरी कामों के लिए निकलने में परेशानी हुई । सड़कों पर भरे पानी के कारण जगह-जगह ट्रैफिक जाम की स्थिति बनी ।
