फतेहपुर । सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी फतेहपुर ने बताया कि परिवहन आयुक्त उ०प्र० द्वारा अपने पत्र 07 अप्रैल 2026 के द्वारा परिवहन अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि मोडिफाइड साइलेंसर, प्रेशर हार्न अथवा हूटर की बिक्री एवं स्थापना करने वाले मोटर गैराज/वर्कशॉप आदि युक्त वाहनों से उत्पन्न ध्यनि प्रदूषण के विरूद्ध मोटरयान अधिनियम 1988 की धारा 182ए (3)के अन्तर्गत विधिक कार्यवाही सुनिश्चित की जाये । धारा 182ए (3) के तहत वर्कशॉप/गैराज संचालक पर रू0 1,00,000/ (एक लाख रूपये) प्रति संघटक जुर्माना अधिरोपित किया जा सकता है । इस जुर्माने के शमन की शक्ति उप परिवहन एवं उनसे ऊपर के अधिकारियों में निहित है ।
जिन वाहन स्वामियों द्वारा अपने मोटरयान में पूर्जी की पंच फिटिंग के माध्यम से ऐसा परिवर्तन किया जाता है तो उनके विरूद्ध मोटर यान अधिनियम 1988 की धारा 182ए (4) के अन्र्तगत विधिक कार्यवाही सुनिश्चित की जाये ।
182ए (4) के तहत संबंधित वाहन स्वामी को ऐसी अवधि के कारावास से जो छः माह तक की हो सकेगी अथवा ऐसे प्रतयेक परिवर्तन के लिये पाँच हजार रूपये तक के जुर्माने से अथवा दोनों से दण्डित किया जा सकता है । जो कोई व्यक्ति किसी सार्वजनिक स्थान में ऐसा मोटर यान चलायेगा अथवा चलाने देगा जिससे सड़क सुरक्षा,शोर नियंत्रण एवं वायु प्रदूषण के संबंध में विहित मानकों का उल्लंघन होता हैं । उनके विरूद्ध मोटरयान अधिनियम 1988 की धारा 190 (2) के अन्तर्गत विधिक कार्यवाही सुनिश्चित की जायेगी ।
धारा-190 (2) के तहत संबंधित व्यक्ति प्रथम अपराध के लिये तीन माह तक के कारावास अथवा इस हजार रूपये तक के जुर्माने अथवा दोनों से दण्डनीय होगा और तीन माह की अवधि के लिये अनुज्ञप्ति (लाइसेंस) धारण करने हेतु निरर्हित हो जायेगा ।
उक्त से स्पष्ट है कि जो वाहन चला रहा है या चलवा रहा है । उक्त जुर्माने के साथ-साथ उसका ड्राइविंग लाइसेंस 03 माह के लिये अयोग्य (Disqualified) कर दिया जायेगा । जिन वाहनों में मोडिफाइड साइलेंसर/ध्वनि प्रदूषण उत्पन्न करने वाले उपकरण लगे पाये जाते है तथा जिनका चालान किया गया है । उनके विरूद्ध मोटरयान अधिनियम 1988 की धारा 53 (1) के अन्तर्गत पंजीयन प्रमाण-पत्र (RC) के निलम्बन की कार्यवाही प्राथमिकता के आधार पर सुनिश्चित की जायेगी ।
अतः जनपद फतेहपुर के समस्त वाहन स्वामियों से अनुरोध है कि मोडिफाइड साइलेन्सर,प्रेशर हार्न, हुटर इत्यादि को अपनी वाहनों पर न लगाये अन्यथा उनके विरूद्ध कार्यवाही की जायेगी ।
