झारखंड । विधानसभा की ओर छात्रों के मार्च के दौरान नेहा बोरा पर स्याही फेंकी गई ।
झारखंड विधानसभा की ओर छात्रों के मार्च के दौरान आइसा की राष्ट्रीय अध्यक्ष नेता नेहा बोरा पर स्याही फेंकने का मामला सामने आया । इस घटना के बाद नेहा बोरा ने बीजेपी और आरएसएस पर आरोप लगाए ।
नेहा बोरा ने कहा “जो बीजेपी और आरएसएस के लोग छात्रों के साथ होने का दावा करते हैं । वही छात्र मार्च के दौरान मुझ पर स्याही फेंक रहे हैं छात्र जेपीएससी और जेएसएससी , सीजीएल परीक्षाओं को रद्द करने की मांग को ले कर विधानसभा की ओर मार्च कर रहे थे ।”
उन्होंने कहा “क्या उन्हें लगता है कि स्याही फेंकने से छात्रों और युवाओं का गुस्सा दब जाएगा ? हम खुली चुनौती देते हैं कि अगर उभरता हुआ छात्र आंदोलन उनकी नफ़रत की राजनीति की नींव नहीं हिला पाया, तो यह छात्र राजनीति के लिए शर्म की बात होगी ।”
आइसा नेता ने आरोप लगाया कि जिन लोगों का छात्रों के मुद्दों से कोई लेना-देना नहीं है, वे अपने राजनीतिक हितों के लिए छात्रों के मुद्दों का इस्तेमाल कर रहे हैं । नेहा बोरा पर स्याही फेंकने वाले शख्स को पुलिस ने हिरासत में ले लिया है । झारखंड की राजधानी रांची में जेपीएससी (झारखंड लोक सेवा आयोग) और अन्य परीक्षाओं में कथित गड़बड़ियों के ख़िलाफ़ 14 दिनों से स्टूडेंट्स का विरोध प्रदर्शन चल रहा है ।
स्टूडेंट्स का आरोप है कि जेपीएससी के पेपर लीक किए गए । सीटें बेची गई हैं और उन्हें सीआईडी जांच पर भरोसा नहीं है, मामले की जांच ईडी या सीबीआई को सौंपी जाए ।
रांची में दो छात्र संगठनों ने शुक्रवार को राज्य विधानसभा तक मार्च निकालने की घोषणा की थी । झारखंड में फ़िलहाल विधानसभा का सत्र चल रहा है ।
