कुछ महत्वपूर्ण तथ्य –
✓ लेखपाल और अधिवक्ता संघ का विवाद सुलगता हुआ नजर आ रहा है ।
✓ लेखपाल और अधिवक्ताओ का घमासान उपजिलाधिकारी की चौखट पर ।
✓ उपजिलाधिकारी द्वारा दोनो पक्ष को शांत कर भेजा गया लेकिन शाम तक माहौल अलग था ।
✓ अधिवक्ता संघ की आपात कालीन बैठक चल रही है ।
✓ जो हुआ वह सही मायने पर कितनी हद तक सही है वह जिम्मेदार ही तय करेंगे ।
✓ अब देखना यह है कि क्या विवाद हड़ताड़ में बदलेगा ।
वरिष्ठ पत्रकार रवीन्द्र त्रिपाठी की खास रिपोर्ट
बिंदकी/फतेहपुर । पैसे लेने के बाद भी काम न करने और भुक्तभोगी द्वारा सुविधा शुल्क लेने के बाद न काम करने पर कहा सुनी के दौरान अधिवक्ता संघ के महामंत्री सत्यार्थ सिंह गौतम द्वारा लेखपाल की पिटाई का मामला तूल पकड़ रहा है । जहां एक और अधिवक्ता संघ बिंदकी अधिवक्ताओं को लामबंद कर हड़ताल की योजना बना रहा है । वहीं लेखपाल संघ भी कलम बंद हड़ताल की योजना बना रहा है ।

लेखपाल द्वारा अधिवक्ताओं के साथ की गई अभद्रता पर संघ के महामंत्री द्वारा लेखपाल के साथ मारपीट की घटना के बाद दोनों पक्ष उपजिलाधिकारी अंजू वर्मा की चौखट पहुंचे ।
उपजिलाधिकारी ने दोनों पक्षों को समझा बुझाकर भेज दिया । इसके बाद लेखपाल संघ द्वारा घटना के विरोध में जब योजना बनाने की खबर अधिवक्ताओं को लगी तो उन्होंने ने भी अधिवक्ताओं की बैठक आहूत कर हड़ताल किए जाने पर चर्चा की । अब देखना है कि यह मामला कैसे समाप्त होगा ।

अधिवक्ता संघ बिंदकी के महामंत्री सत्यार्थ सिंह गौतम ने बताया कि ग्राम चककशमीरी क्षेत्र के लेखपाल नरेश लोधी ने अधिवक्ता उमाशंकर बाजपेई से बंटवारे की फाइल बनाने के लिए शायद कुछ रकम की बात कि होगी जिस कारण इस मामले में गर्मा गरमी हो गई फिर कुछ देर बाद विवाद तूल पकड़ता गया ।
तीन माह से ज्यादा समय बीत जाने पर जब अधिवक्ता उमाशंकर बाजपेई ने लेखपाल से काम करने को कहा तो दोनो पक्षों में अभद्रता का व्यवहार हुआ । जिसकी शिकायत अधिवक्ता ने अधिवक्ता संघ से की । अधिवक्ता की शिकायत पर जब संघ के महामंत्री सत्यार्थ सिंह गौतम ने जाकर मामले की जानकारी लेखपाल से करनी चाही तो उसने महामंत्री सत्यार्थ सिंह गौतम से भी कुछ बात पर तू तू मैं मैं हुई होगी । जिसको लेकर महामंत्री ने लेखपाल को एक चपत लगा दी ।
अब अधिवक्ता संघ व लेखपाल संघ में इस घटना को लेकर विवाद बढ़ता दिख रहा है ।
